समाचार मंच प्रतिनिधि
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज मंगलवार को सिविल डिफेंस विभाग ने आपात स्थिति से निपटने की तैयारी के तहत एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया। यह अभ्यास शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों में से एक दृ हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर किया गया, जिसमें फायर ब्रिगेड, पुलिस, एंबुलेंस सेवा, और अन्य राहत एजेंसियों ने हिस्सा लिया।
सुबह 11 बजे जैसे ही सायरन बजा, मॉक ड्रिल की कार्यवाही शुरू हुई। परिदृश्य को इस तरह से रचा गया जैसे स्टेशन पर अचानक आग लग गई हो और धुएं के कारण यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई हो। तुरंत ही सिविल डिफेंस की टीम हरकत में आई दृ आग बुझाने, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने और प्राथमिक उपचार देने का अभ्यास किया गया। सिविल डिफेंस ऑफिसर अनिल श्रीवास्तव ने बताया, “इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य हमारे जवानों की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता को जांचना और आम जनता को जागरूक करना है कि आपात स्थिति में किस तरह से व्यवहार करें।”
इस अभ्यास में सैकड़ों नागरिकों को भी शामिल किया गया, जिन्हें पहले से नहीं बताया गया था कि यह केवल एक ड्रिल है, ताकि वास्तविकता जैसी स्थिति उत्पन्न हो सके। बाद में अधिकारियों ने लोगों को सूचित किया कि यह एक अभ्यास था, और उन्हें धन्यवाद दिया गया कि उन्होंने शांतिपूर्वक सहयोग किया। लखनऊ जिला प्रशासन की निगरानी में हुई इस मॉक ड्रिल को सफल माना गया और भविष्य में इसे और अधिक क्षेत्रों में करने की योजना है।
गौरतलब हो,इस तरह की मॉक ड्रिल्स न केवल सुरक्षा बलों की तैयारियों को मज़बूत करती हैं, बल्कि आम लोगों को भी सतर्क रहने और सही कदम उठाने के लिए प्रशिक्षित करती हैं। लखनऊ में किया गया यह अभ्यास एक उदाहरण है कि कैसे शहर आपदा प्रबंधन में एक कदम आगे बढ़ रहा है।
